शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 नई दिल्ली के लिए इस लेख की संदर्भ तारीख है। नीचे दिया समय केवल नई दिल्ली, भारत (IST, UTC+5:30) के लिए है। दूसरे शहर या विदेश में यही समय लागू न मानें।

नई दिल्ली का संदर्भ समय

शाम 6:02–7:57 बजे IST

यह पूजा का संदर्भ मुहूर्त है। तारीख और समय का स्रोत (जांच: 27 अक्टूबर 2026).

शाम से पहले क्या तैयार रखें

पूजा के लिए साफ स्थान, स्थिर दीपक, रुई की बत्ती, तेल या घी, फूल, जल और घर में प्रचलित प्रसाद तैयार रखें। खरीदारी से पहले घर की सामग्री देख लें। सादगी से भी सुव्यवस्थित उत्सव मनाया जा सकता है। मंदिर जाने की योजना हो तो उसका कार्यक्रम अलग से पूछें; मंदिर के आयोजन का समय और घर की पूजा का मुहूर्त एक ही होना जरूरी नहीं है।

घर में सरल पूजा क्रम

पूजा स्थल साफ करके सामग्री समय से पहले सजा लें। परिवार के साथ बैठें, अपने घर की परंपरा के अनुसार आराधना शुरू करें, फूल और प्रसाद अर्पित करें तथा प्रार्थना या आरती से समापन करें। लक्ष्मी-कुबेर पूजा करने वाले परिवार अपना प्रचलित क्रम अपनाएं। धनतेरस का संबंध भगवान धन्वंतरि से भी है। अलग-अलग संदेशों की अपरिचित विधियां मिलाने के बजाय अपनी पारिवारिक परंपरा को प्राथमिकता दें।

खरीदारी में अनावश्यक दबाव न लें

कई परिवार सोना, चांदी या बर्तन खरीदते हैं, लेकिन ऐसी खरीदारी अनिवार्य नहीं है। बजट बनाएं, अंतिम कीमत की तुलना करें और बिल संभालकर रखें। पूजा का मुहूर्त प्रत्येक वस्तु की खरीदारी का मुहूर्त नहीं होता। नीचे दिया समय सभी खरीदों के लिए लागू न मानें। किसी वस्तु को खरीदने से आर्थिक लाभ निश्चित होने का दावा उचित नहीं है।

अगले दिनों की तैयारी

बचे हुए दीपक, दोबारा इस्तेमाल होने वाली सजावट और सूखी सामग्री एक जगह रखें। परिवार में काम पहले बांट दें ताकि शाम को छोटी चीजें खोजने में समय न जाए। दीपक स्थिर स्थान पर, पर्दों से दूर रखें और जलती लौ को बिना निगरानी न छोड़ें।

अपने शहर का पंचांग देखें

CosmosPandit के वेब ऐप में अपना शहर और संबंधित तारीख चुनकर पंचांग देखें। शहर सही चुना है या नहीं, यह जांच लें। परिवार के विशेष अनुष्ठान का समय स्पष्ट न हो तो स्थानीय मंदिर या पुरोहित से पूछें। दिल्ली के घड़ी समय को केवल समय क्षेत्र बदलकर स्थानीय पूजा का मुहूर्त न मानें।

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